देव परिवार
Logo
प्रांतीय युवा प्रकोष्ठ
Uttar Pradesh
होम समाचार रील्स कार्यक्रम देव परिवार

गायत्री परिवार ने किया नारी उत्कर्ष समारोह, नारी शक्ति को आत्मविश्वास एवं राष्ट्र निर्माण का दिया संदेश

गायत्री परिवार ने किया नारी उत्कर्ष समारोह, नारी शक्ति को आत्मविश्वास एवं राष्ट्र निर्माण का दिया संदेश गायत्री परिवार ने किया नारी उत्कर्ष समारोह, नारी शक्ति को आत्मविश्वास एवं राष्ट्र निर्माण का दिया संदेश गायत्री परिवार ने किया नारी उत्कर्ष समारोह, नारी शक्ति को आत्मविश्वास एवं राष्ट्र निर्माण का दिया संदेश

झांसी, 20 सितंबर 2026। अखिल विश्व गायत्री परिवार के तत्वावधान में श्री गायत्री शक्तिपीठ, आंतिया तालाब पर प्रातः 10 बजे से जिला स्तरीय नारी उत्कर्ष समारोह का आयोजन किया गया। शांतिकुंज हरिद्वार की विदुषी बहनों के मार्गदर्शन में आयोजित इस एक दिवसीय समारोह का उद्देश्य नारी शक्ति में आत्मविश्वास जगाना एवं राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को सशक्त करना रहा।

कार्यक्रम में शांतिकुंज हरिद्वार से पधारी बहनों की टोली नायक श्यामा राठौर दीदी ने अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में कहा कि नारी शक्ति को निमात्री कहा गया है। परम पूज्य गुरुदेव ने मनुष्य में देवत्व का उदय और धरती पर स्वर्ग के अवतरण के लक्ष्य में नारी शक्ति के योगदान को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया है। स्वस्थ, शिक्षित, स्वावलंबी एवं सुसंस्कारी नारी ही परिवार की धुरी है। नारी अपने सेवा, सहकार एवं समर्पण के माध्यम से परिवार को धरती का स्वर्ग बना सकती है।

उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को देवी का स्थान दिया गया है। अपाला, घोषा, मैत्रेयी, अनुसुइया और विश्ववारा जैसी प्राचीन विदुषी नारियों से लेकर मदालसा, अहिल्याबाई, लक्ष्मीबाई, जीजाबाई एवं मीरा जैसी महान नारियों ने अपने जीवन एवं संस्कारों से मानवता को प्रेरणा दी है। आज भी नारी किसी क्षेत्र में पीछे नहीं है। उन्होंने आधुनिकता की चकाचौंध में अपने गौरव एवं संस्कारों को न भूलने तथा भारतीय संस्कृति के मूल्यों को जीवन में धारण करने का आह्वान किया।

शांतिकुंज की सविता भाग बोले ने कन्या कौशल के विषय में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि किशोरावस्था में बच्चे ऐसे संबंधों की तलाश करते हैं, जिनके साथ वे अपनी भावनाएं और समस्याएं साझा कर सकें। ऐसे समय में माता-पिता को बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करना चाहिए। यदि इस अवस्था में बच्चों की उपेक्षा की गई तो वे गलत दिशा में भटक सकते हैं। उन्होंने बच्चियों को संस्कारों के साथ-साथ आत्मरक्षा एवं सेल्फ डिफेंस का प्रशिक्षण देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

समारोह में देव प्रिया उक्सा, संजना गुप्ता, पार्षद राजेश्वरी तिवारी, पार्षद सुशीला दुबे, डॉ. नूपुर पांडे, डॉ. गरिमा, आशा श्रीवास्तव, सुधा बंसल, सुनीता तिवारी, उषा गंगवार, ममता गांगेल, मीना सहगल, रजनी खरे, सुधा शिवहरे, रानी वर्मा, ज्योति विद्यार्थी, दया भारद्वाज, मधु श्रीवास्तव, दिव्या उक्सा एवं शिवा मिश्रा सहित बड़ी संख्या में बहनों एवं गणमान्यजनों की सहभागिता रही।

कार्यक्रम का संचालन किरण श्रीवास्तव ने किया तथा पुष्पा शिवहरे ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। समारोह का उद्देश्य नारी शक्ति को आत्मविश्वास, संस्कार, स्वावलंबन एवं राष्ट्र निर्माण से जोड़ते हुए परिवार एवं समाज के उत्थान में उनकी प्रभावी भूमिका को सशक्त करना रहा।

0 0 टिप्पणियां · 5 व्यू
पाठक टिप्पणियां

पहली टिप्पणी करें!